Wildebeest analysis examples for:   urd-urdgvh   झ    February 11, 2023 at 19:52    Script wb_pprint_html.py   by Ulf Hermjakob

36  GEN 2:5  तो शुरू में ाड़ियाँ और पौदे नहीं उगते थे। वजह यह थी कि अल्लाह ने बारिश का इंतज़ाम नहीं किया था। और अभी इनसान भी पैदा नहीं हुआ था कि ज़मीन की खेतीबाड़ी करता।
47  GEN 2:16  लेकिन रब ख़ुदा ने उसे आगाह किया, “तुहर दरख़्त का फल खाने की इजाज़त है।
54  GEN 2:23  उसे देखकर वह पुकार उठा, “वाह! यह तो मु जैसी ही है, मेरी हड्डियों में से हड्डी और मेरे गोश्त में से गोश्त है। इसका नाम नारी रखा जाए क्योंकि वह नर से निकाली गई है।”
62  GEN 3:6  औरत ने दरख़्त पर ग़ौर किया कि खाने के लिए अच्छा और देखने में भी दिलकश है। सबसे दिलफ़रेब बात यह कि उससे सम हासिल हो सकती है! यह सोचकर उसने उसका फल लेकर उसे खाया। फिर उसने अपने शौहर को भी दे दिया, क्योंकि वह उसके साथ था। उसने भी खा लिया।
66  GEN 3:10  आदम ने जवाब दिया, “मैंने तुबाग़ में चलते हुए सुना तो डर गया, क्योंकि मैं नंगा हूँ। इसलिए मैं छुप गया।”
67  GEN 3:11  उसने पूछा, “किसने तुबताया कि तू नंगा है? क्या तूने उस दरख़्त का फल खाया है जिसे खाने से मैंने मना किया था?”
68  GEN 3:12  आदम ने कहा, “जो औरत तूने मेरे साथ रहने के लिए दी है उसने मुफल दिया। इसलिए मैंने खा लिया।”
69  GEN 3:13  अब रब ख़ुदा औरत से मुख़ातिब हुआ, “तूने यह क्यों किया?” औरत ने जवाब दिया, “साँप ने मुबहकाया तो मैंने खाया।”
72  GEN 3:16  फिर रब ख़ुदा औरत से मुख़ातिब हुआ और कहा, “जब तू उम्मीद से होगी तो मैं तेरी तकलीफ़ को बहुत बढ़ाऊँगा। जब तेरे बच्चे होंगे तो तू शदीद दर्द का शिकार होगी। तू अपने शौहर की तमन्ना करेगी लेकिन वह तु पर हुकूमत करेगा।”
73  GEN 3:17  आदम से उसने कहा, “तूने अपनी बीवी की बात मानी और उस दरख़्त का फल खाया जिसे खाने से मैंने मना किया था। इसलिए तेरे सबब से ज़मीन पर लानत है। उससे ख़ुराक हासिल करने के लिए तुउम्र-भर मेहनत-मशक़्क़त करनी पड़ेगी।
75  GEN 3:19  पसीना बहा बहाकर तुरोटी कमाने के लिए भाग-दौड़ करनी पड़ेगी। और यह सिलसिला मौत तक जारी रहेगा। तू मेहनत करते करते दुबारा ज़मीन में लौट जाएगा, क्योंकि तू उसी से लिया गया है। तू ख़ाक है और दुबारा ख़ाक में मिल जाएगा।”
87  GEN 4:7  क्या अगर तू अच्छी नीयत रखता है तो अपनी नज़र उठाकर मेरी तरफ़ नहीं देख सकेगा? लेकिन अगर अच्छी नीयत नहीं रखता तो ख़बरदार! गुनाह दरवाज़े पर दबका बैठा है और तुचाहता है। लेकिन तेरा फ़र्ज़ है कि उस पर ग़ालिब आए।”
89  GEN 4:9  तब रब ने क़ाबील से पूछा, “तेरा भाई हाबील कहाँ है?” क़ाबील ने जवाब दिया, “मुक्या पता! क्या अपने भाई की देख-भाल करना मेरी ज़िम्मादारी है?”
90  GEN 4:10  रब ने कहा, “तूने क्या किया है? तेरे भाई का ख़ून ज़मीन में से पुकारकर मुसे फ़रियाद कर रहा है।
91  GEN 4:11  इसलिए तु पर लानत है और ज़मीन ने तुरद्द किया है, क्योंकि ज़मीन को मुँह खोलकर तेरे हाथ से क़त्ल किए हुए भाई का ख़ून पीना पड़ा।
94  GEN 4:14  आज तू मुज़मीन की सतह से भगा रहा है और मुतेरे हुज़ूर से भी छुप जाना है। मैं मफ़रूर की हैसियत से मारा मारा फिरता रहूँगा, इसलिए जिसको भी पता चलेगा कि मैं कहाँ हूँ वह मुक़त्ल कर डालेगा।”
104  GEN 4:24  एक आदमी ने मुज़ख़मी किया तो मैंने उसे मार डाला। एक लड़के ने मेरे चोट लगाई तो मैंने उसे क़त्ल कर दिया। जो क़ाबील को क़त्ल करे उससे सात गुना बदला लिया जाएगा, लेकिन जो लमक को क़त्ल करे उससे सतत्तर गुना बदला लिया जाएगा।”
105  GEN 4:25  आदम और हव्वा का एक और बेटा पैदा हुआ। हव्वा ने उसका नाम सेत रखकर कहा, “अल्लाह ने मुहाबील की जगह जिसे क़ाबील ने क़त्ल किया एक और बेटा बख़्शा है।”
161  GEN 7:1  फिर रब ने नूह से कहा, “अपने घराने समेत कश्ती में दाख़िल हो जा, क्योंकि इस दौर के लोगों में से मैंने सिर्फ़ तुरास्तबाज़ पाया है।
274  GEN 11:7  इसलिए आओ, हम दुनिया में उतरकर उनकी ज़बान को दरहम-बरहम कर दें ताकि वह एक दूसरे की बात सम न पाएँ।”
297  GEN 11:30  सारय बाँ थी, इसलिए उसके बच्चे नहीं थे।
300  GEN 12:1  रब ने अब्राम से कहा, “अपने वतन, अपने रिश्तेदारों और अपने बाप के घर को छोड़कर उस मुल्क में चला जा जो मैं तुदिखाऊँगा।
301  GEN 12:2  मैं तुसे एक बड़ी क़ौम बनाऊँगा, तुबरकत दूँगा और तेरे नाम को बहुत बढ़ाऊँगा। तू दूसरों के लिए बरकत का बाइस होगा।
302  GEN 12:3  जो तुबरकत देंगे उन्हें मैं भी बरकत दूँगा। जो तु पर लानत करेगा उस पर मैं भी लानत करूँगा। दुनिया की तमाम क़ौमें तुसे बरकत पाएँगी।”
311  GEN 12:12  मिसरी तुदेखेंगे, फिर कहेंगे, ‘यह इसका शौहर है।’ नतीजे में वह मुमार डालेंगे और तुज़िंदा छोड़ेंगे।
317  GEN 12:18  आख़िरकार फ़िरौन ने अब्राम को बुलाकर कहा, “तूने मेरे साथ क्या किया? तूने मुक्यों नहीं बताया कि सारय तेरी बीवी है?
326  GEN 13:7  अब्राम और लूत के चरवाहे आपस में गड़ने लगे। (उस ज़माने में कनानी और फ़रिज़्ज़ी भी मुल्क में आबाद थे।)
327  GEN 13:8  तब अब्राम ने लूत से बात की, “ऐसा नहीं होना चाहिए कि तेरे और मेरे दरमियान गड़ा हो या तेरे चरवाहों और मेरे चरवाहों के दरमियान। हम तो भाई हैं।
328  GEN 13:9  क्या ज़रूरत है कि हम मिलकर रहें जबकि तू आसानी से इस मुल्क की किसी और जगह रह सकता है। बेहतर है कि तू मुसे अलग होकर कहीं और रहे। अगर तू बाएँ हाथ जाए तो मैं दाएँ हाथ जाऊँगा, और अगर तू दाएँ हाथ जाए तो मैं बाएँ हाथ जाऊँगा।”
334  GEN 13:15  जो भी ज़मीन तुनज़र आए उसे मैं तुऔर तेरी औलाद को हमेशा के लिए देता हूँ।
336  GEN 13:17  चुनाँचे उठकर इस मुल्क की हर जगह चल-फिर, क्योंकि मैं इसे तुदेता हूँ।”
358  GEN 14:21  सदूम के बादशाह ने अब्राम से कहा, “मुमेरे लोग वापस कर दें और बाक़ी चीज़ें अपने पास रख लें।”
363  GEN 15:2  लेकिन अब्राम ने एतराज़ किया, “ऐ रब क़ादिरे-मुतलक़, तू मुक्या देगा जबकि अभी तक मेरे हाँ कोई बच्चा नहीं है और इलियज़र दमिश्क़ी मेरी मीरास पाएगा।
364  GEN 15:3  तूने मुऔलाद नहीं बख़्शी, इसलिए मेरे घराने का नौकर मेरा वारिस होगा।”
368  GEN 15:7  फिर रब ने उससे कहा, “मैं रब हूँ जो तुकसदियों के ऊर से यहाँ ले आया ताकि तुयह मुल्क मीरास में दे दूँ।”
384  GEN 16:2  और एक दिन सारय ने अब्राम से कहा, “रब ने मुबच्चे पैदा करने से महरूम रखा है, इसलिए मेरी लौंडी के साथ हमबिसतर हों। शायद मुउस की मारिफ़त बच्चा मिल जाए।” अब्राम ने सारय की बात मान ली।
387  GEN 16:5  तब सारय ने अब्राम से कहा, “जो ज़ुल्म मु पर किया जा रहा है वह आप ही पर आए। मैंने ख़ुद इसे आपके बाज़ुओं में दे दिया था। अब जब इसे मालूम हुआ है कि उम्मीद से है तो मुहक़ीर जानने लगी है। रब मेरे और आपके दरमियान फ़ैसला करे।”
395  GEN 16:13  रब के उसके साथ बात करने के बाद हाजिरा ने उसका नाम अत्ताएल-रोई यानी ‘तू एक माबूद है जो मुदेखता है’ रखा। उसने कहा, “क्या मैंने वाक़ई उसके पीछे देखा है जिसने मुदेखा है?”
396  GEN 16:14  इसलिए उस जगह के कुएँ का नाम ‘बैर-लही-रोई’ यानी ‘उस ज़िंदा हस्ती का कुआँ जो मुदेखता है’ पड़ गया। वह क़ादिस और बरद के दरमियान वाक़े है।
403  GEN 17:5  अब से तू अब्राम यानी ‘अज़ीम बाप’ नहीं कहलाएगा बल्कि तेरा नाम इब्राहीम यानी ‘बहुत क़ौमों का बाप’ होगा। क्योंकि मैंने तुबहुत क़ौमों का बाप बना दिया है।
404  GEN 17:6  मैं तुबहुत ही ज़्यादा औलाद बख़्श दूँगा, इतनी कि क़ौमें बनेंगी। तुसे बादशाह भी निकलेंगे।
406  GEN 17:8  तू इस वक़्त मुल्के-कनान में परदेसी है, लेकिन मैं इस पूरे मुल्क को तुऔर तेरी औलाद को देता हूँ। यह हमेशा तक उनका ही रहेगा, और मैं उनका ख़ुदा हूँगा।”
407  GEN 17:9  अल्लाह ने इब्राहीम से यह भी कहा, “तुऔर तेरी औलाद को नसल-दर-नसल मेरे अहद की शरायत पूरी करनी हैं।
410  GEN 17:12  लाज़िम है कि तू और तेरी औलाद नसल-दर-नसल अपने हर एक बेटे का आठवें दिन ख़तना करवाएँ। यह उसूल उस पर भी लागू है जो तेरे घर में रहता है लेकिन तुसे रिश्ता नहीं रखता, चाहे वह घर में पैदा हुआ हो या किसी अजनबी से ख़रीदा गया हो।
414  GEN 17:16  मैं उसे बरकत बख़्शूँगा और तुउस की मारिफ़त बेटा दूँगा। मैं उसे यहाँ तक बरकत दूँगा कि उससे क़ौमें बल्कि क़ौमों के बादशाह निकलेंगे।”
428  GEN 18:3  उसने कहा, “मेरे आक़ा, अगर मु पर आपके करम की नज़र है तो आगे न बढ़ें बल्कि कुछ देर अपने बंदे के घर ठहरें।
430  GEN 18:5  साथ साथ मैं आपके लिए थोड़ा-बहुत खाना भी ले आऊँ ताकि आप तक़वियत पाकर आगे बढ़ सकें। मुयह करने दें, क्योंकि आप अपने ख़ादिम के घर आ गए हैं।” उन्होंने कहा, “ठीक है। जो कुछ तूने कहा है वह कर।”
440  GEN 18:15  सारा डर गई। उसने ूट बोलकर इनकार किया, “मैं नहीं हँस रही थी।” रब ने कहा, “नहीं, तू ज़रूर हँस रही थी।”
446  GEN 18:21  मैं उतरकर उनके पास जा रहा हूँ ताकि देखूँ कि यह इलज़ाम वाक़ई सच हैं जो मु तक पहुँचे हैं। अगर ऐसा नहीं है तो मैं यह जानना चाहता हूँ।”
451  GEN 18:26  रब ने जवाब दिया, “अगर मुशहर में 50 रास्तबाज़ मिल जाएँ तो उनके सबब से तमाम को मुआफ़ कर दूँगा।”
453  GEN 18:28  लेकिन हो सकता है कि सिर्फ़ 45 रास्तबाज़ उसमें हों। क्या तू फिर भी उन पाँच लोगों की कमी के सबब से पूरे शहर को तबाह करेगा?” उसने कहा, “अगर मु45 भी मिल जाएँ तो उसे बरबाद नहीं करूँगा।”
472  GEN 19:14  लूत घर से निकला और अपने दामादों से बात की जिनका उस की बेटियों के साथ रिश्ता हो चुका था। उसने कहा, “जल्दी करो, इस जगह से निकलो, क्योंकि रब इस शहर को तबाह करने को है।” लेकिन उसके दामादों ने इसे मज़ाक़ ही समा।
473  GEN 19:15  जब पौ फटने लगी तो दोनों आदमियों ने लूत को बहुत समाया और कहा, “जल्दी कर! अपनी बीवी और दोनों बेटियों को साथ लेकर चला जा, वरना जब शहर को सज़ा दी जाएगी तो तू भी हलाक हो जाएगा।”
474  GEN 19:16  तो भी वह िजकता रहा। आख़िरकार दोनों ने लूत, उस की बीवी और बेटियों के हाथ पकड़कर उन्हें शहर के बाहर तक पहुँचा दिया, क्योंकि रब को लूत पर तरस आता था।
477  GEN 19:19  तेरे बंदे को तेरी नज़रे-करम हासिल हुई है और तूने मेरी जान बचाने में बहुत मेहरबानी कर दिखाई है। लेकिन मैं पहाड़ों में पनाह नहीं ले सकता। वहाँ पहुँचने से पहले यह मुसीबत मु पर आन पड़ेगी और मैं हलाक हो जाऊँगा।
478  GEN 19:20  देख, क़रीब ही एक छोटा क़सबा है। वह इतना नज़दीक है कि मैं उस तरफ़ हिजरत कर सकता हूँ। मुवहाँ पनाह लेने दे। वह छोटा ही है, ना? फिर मेरी जान बचेगी।”
501  GEN 20:5  क्या इब्राहीम ने मुसे नहीं कहा था कि सारा मेरी बहन है? और सारा ने उस की हाँ में हाँ मिलाई। मेरी नीयत अच्छी थी और मैंने ग़लत काम नहीं किया।”
502  GEN 20:6  अल्लाह ने कहा, “हाँ, मैं जानता हूँ कि इसमें तेरी नीयत अच्छी थी। इसलिए मैंने तुमेरा गुनाह करने और उसे छूने से रोक दिया।
505  GEN 20:9  फिर अबीमलिक ने इब्राहीम को बुलाकर कहा, “आपने हमारे साथ क्या किया है? मैंने आपके साथ क्या ग़लत काम किया कि आपने मुऔर मेरी सलतनत को इतने संगीन जुर्म में फँसा दिया है? जो सुलूक आपने हमारे साथ कर दिखाया है वह किसी भी शख़्स के साथ नहीं करना चाहिए।
507  GEN 20:11  इब्राहीम ने जवाब दिया, “मैंने अपने दिल में कहा कि यहाँ के लोग अल्लाह का ख़ौफ़ नहीं रखते होंगे, इसलिए वह मेरी बीवी को हासिल करने के लिए मुक़त्ल कर देंगे।
509  GEN 20:13  फिर जब अल्लाह ने होने दिया कि मैं अपने बाप के घराने से निकलकर इधर-उधर फिरूँ तो मैंने अपनी बीवी से कहा, ‘मु पर यह मेहरबानी कर कि जहाँ भी हम जाएँ मेरे बारे में कह देना कि वह मेरा भाई है’।”
513  GEN 20:17  तब इब्राहीम ने अल्लाह से दुआ की और अल्लाह ने अबीमलिक, उस की बीवी और उस की लौंडियों को शफ़ा दी, क्योंकि रब ने अबीमलिक के घराने की तमाम औरतों को सारा के सबब से बाँ बना दिया था। लेकिन अब उनके हाँ दुबारा बच्चे पैदा होने लगे।
520  GEN 21:6  सारा ने कहा, “अल्लाह ने मुहँसाया, और हर कोई जो मेरे बारे में यह सुनेगा हँसेगा।
526  GEN 21:12  लेकिन अल्लाह ने उससे कहा, “जो बात सारा ने अपनी लौंडी और उसके बेटे के बारे में कही है वह तुबुरी न लगे। सारा की बात मान ले, क्योंकि तेरी नसल इसहाक़ ही से क़ायम रहेगी।
529  GEN 21:15  फिर पानी ख़त्म हो गया। हाजिरा लड़के को किसी ाड़ी के नीचे छोड़कर
537  GEN 21:23  अब मुसे अल्लाह की क़सम खाएँ कि आप मुऔर मेरी आलो-औलाद को धोका नहीं देंगे। मु पर और इस मुल्क पर जिसमें आप परदेसी हैं वही मेहरबानी करें जो मैंने आप पर की है।”
540  GEN 21:26  अबीमलिक ने कहा, “मुनहीं मालूम कि किसने ऐसा किया है। आपने भी मुनहीं बताया। आज मैं पहली दफ़ा यह बात सुन रहा हूँ।”
544  GEN 21:30  इब्राहीम ने जवाब दिया, “भेड़ के इन सात बच्चों को मुसे ले लें। यह इसके गवाह हों कि मैंने इस कुएँ को खोदा है।”
547  GEN 21:33  इसके बाद इब्राहीम ने बैर-सबा में ाऊ का दरख़्त लगाया। वहाँ उसने रब का नाम लेकर उस की इबादत की जो अबदी ख़ुदा है।
550  GEN 22:2  अल्लाह ने कहा, “अपने इकलौते बेटे इसहाक़ को जिसे तू प्यार करता है साथ लेकर मोरियाह के इलाक़े में चला जा। वहाँ मैं तुएक पहाड़ दिखाऊँगा। उस पर अपने बेटे को क़ुरबान कर दे। उसे ज़बह करके क़ुरबानगाह पर जला देना।”
560  GEN 22:12  फ़रिश्ते ने कहा, “अपने बेटे पर हाथ न चला, न उसके साथ कुछ कर। अब मैंने जान लिया है कि तू अल्लाह का ख़ौफ़ रखता है, क्योंकि तू अपने इकलौते बेटे को भी मुदेने के लिए तैयार है।”
561  GEN 22:13  अचानक इब्राहीम को एक मेंढा नज़र आया जिसके सींग गुंजान ाड़ियों में फँसे हुए थे। इब्राहीम ने उसे ज़बह करके अपने बेटे की जगह क़ुरबानी के तौर पर जला दिया।
564  GEN 22:16  “रब का फ़रमान है, मेरी ज़ात की क़सम, चूँकि तूने यह किया और अपने इकलौते बेटे को मुपेश करने के लिए तैयार था
565  GEN 22:17  इसलिए मैं तुबरकत दूँगा और तेरी औलाद को आसमान के सितारों और साहिल की रेत की तरह बेशुमार होने दूँगा। तेरी औलाद अपने दुश्मनों के शहरों के दरवाज़ों पर क़ब्ज़ा करेगी।
576  GEN 23:4  “मैं आपके दरमियान परदेसी और ग़ैरशहरी की हैसियत से रहता हूँ। मुक़ब्र के लिए ज़मीन बेचें ताकि अपनी बीवी को अपने घर से ले जाकर दफ़न कर सकूँ।”
579  GEN 23:7  इब्राहीम उठा और मुल्क के बाशिंदों यानी हित्तियों के सामने ताज़ीमन ुक गया।
581  GEN 23:9  कि वह मुमकफ़ीला का ग़ार बेच दे। वह उसका है और उसके खेत के किनारे पर है। मैं उस की पूरी क़ीमत देने के लिए तैयार हूँ ताकि आपके दरमियान रहते हुए मेरे पास क़ब्र भी हो।”
584  GEN 23:12  इब्राहीम दुबारा मुल्क के बाशिंदों के सामने अदबन ुक गया।
599  GEN 24:7  रब जो आसमान का ख़ुदा है अपना फ़रिश्ता तुम्हारे आगे भेजेगा, इसलिए तुम वहाँ मेरे बेटे के लिए बीवी चुनने में ज़रूर कामयाब होगे। क्योंकि वही मुमेरे बाप के घर और मेरे वतन से यहाँ ले आया है, और उसी ने क़सम खाकर मुसे वादा किया है कि मैं कनान का यह मुल्क तेरी औलाद को दूँगा।
604  GEN 24:12  फिर उसने दुआ की, “ऐ रब मेरे आक़ा इब्राहीम के ख़ुदा, मुआज कामयाबी बख़्श और मेरे आक़ा इब्राहीम पर मेहरबानी कर।
606  GEN 24:14  मैं उनमें से किसी से कहूँगा, ‘ज़रा अपना घड़ा नीचे करके मुपानी पिलाएँ।’ अगर वह जवाब दे, ‘पी लें, मैं आपके ऊँटों को भी पानी पिला देती हूँ,’ तो वह वही होगी जिसे तूने अपने ख़ादिम इसहाक़ के लिए चुन रखा है। अगर ऐसा हुआ तो मैं जान लूँगा कि तूने मेरे आक़ा पर मेहरबानी की है।”
609  GEN 24:17  इब्राहीम का नौकर दौड़कर उससे मिला। उसने कहा, “ज़रा मुअपने घड़े से थोड़ा-सा पानी पिलाएँ।”
611  GEN 24:19  जब वह पीने से फ़ारिग़ हुआ तो रिबक़ा ने कहा, “मैं आपके ऊँटों के लिए भी पानी ले आती हूँ। वह भी पूरे तौर पर अपनी प्यास बुाएँ।”
612  GEN 24:20  जल्दी से उसने अपने घड़े का पानी हौज़ में उंडेल दिया और फिर भागकर कुएँ से इतना पानी लाती रही कि तमाम ऊँटों की प्यास बु गई।
613  GEN 24:21  इतने में इब्राहीम का आदमी ख़ामोशी से उसे देखता रहा, क्योंकि वह जानना चाहता था कि क्या रब मुसफ़र की कामयाबी बख़्शेगा या नहीं।
619  GEN 24:27  उसने कहा, “मेरे आक़ा इब्राहीम के ख़ुदा की तमजीद हो जिसके करम और वफ़ादारी ने मेरे आक़ा को नहीं छोड़ा। रब ने मुसीधा मेरे मालिक के रिश्तेदारों तक पहुँचाया है।”
629  GEN 24:37  लेकिन मेरे आक़ा ने मुसे कहा, ‘क़सम खाओ कि तुम इन कनानियों में से जिनके दरमियान मैं रहता हूँ मेरे बेटे के लिए बीवी नहीं लाओगे
634  GEN 24:42  आज जब मैं कुएँ के पास आया तो मैंने दुआ की, ‘ऐ रब, मेरे आक़ा के ख़ुदा, अगर तेरी मरज़ी हो तो मुइस मिशन में कामयाबी बख़्श जिसके लिए मैं यहाँ आया हूँ।
635  GEN 24:43  अब मैं इस कुएँ के पास खड़ा हूँ। जब कोई जवान औरत शहर से निकलकर यहाँ आए तो मैं उससे कहूँगा, “ज़रा मुअपने घड़े से थोड़ा-सा पानी पिलाएँ।”
637  GEN 24:45  मैं अभी दिल में यह दुआ कर रहा था कि रिबक़ा शहर से निकल आई। उसके कंधे पर घड़ा था। वह चश्मे तक उतरी और अपना घड़ा भर लिया। मैंने उससे कहा, ‘ज़रा मुपानी पिलाएँ।’